Sri Lakshmi Ashtottaram


प्रकृत्यै नम: 
Om prakrutyai namah
विकृत्यै नमः
Om vikrutyai namah
विद्यायै नमः
Om vidyAyai namah
सर्वभूतहितप्रदायै नमः
Om sarva-bhootahita-pradAyai namah
श्रद्धायै नमः
Om shraddhAyai namah
विभूत्यै नमः
Om vibhootyai namah
सूरभ्यै नमः
Om soorabhyai namah
परमात्मिकायै नमः
Om paramAtmikAyai namah
वाचे नमः
Om vAche namah
पद्मालयायै नमः
Om padmAlayAyai namah
पद्मायै नमः
Om padmAyai namah
शुचये नमः
Om shuchaye namah

स्वाहायै नमः
Om svAhAyai namah
स्वधायै नमः
Om svadhAyai namah
सुधायै नमः
Om sudhAyai namah
धन्यायै नमः
Om dhanyAyai namah
हिरण्मय्यै नमः
Om hiraNmayyai namah
लक्ष्म्यै नमः
Om lakshmiyai namah
नित्यपुष्टायै नमः
Om nityapushtAyai namah
विभावर्यै नमः
Om vibhAvaryai namah
अदित्यै नमः
Om adityai namah
दित्यै नमः
Om dityai namah 
दीपायै नमः
Om deeptAyai namah
वसुधायै नमः
Om vasudhAyai namah
वसुधारिण्यै नमः
Om vasudhAriNyai namah


कमलायै नमः
Om kamalAyai namah 
कान्तायै नमः
Om kAntAyai namah
कामाक्ष्यै नमः
Om kAmAkshyai namah 
 क्षीरोसम्भवायै नमः
Om kshIrodhasambhavAyai namah 
अनुग्रहप्रदायै नमः
Om anugraha-pradAyai namah 
बुद्धयै नमः
Om buddhyai namah 
अनघायै नमः
Om anaghAyai namah 
हरिवल्लभायै नमः
Om harivallabhAyai namah 
अशोकायै नमः
Om ashokAyai namah 
अमृतायै नमः
Om amrutAyai namah 
दीप्तायै नमः
Om deeptAyai namah 
लोकशोकविनाशिन्यै नमः
Om loka-shoka-vinAshinyai namah
धर्मनिलयायै नमः
Om dharmanilayAyai namah

करुणायै नमः
Om karuNAyai namah
लोकमात्रे नमः
Om lokamAtre namah
पद्मप्रियायै नमः
Om padmapriyAyai namah 
पद्महस्तायै नमः
Om padmahastAyai namah 
पद्माक्ष्यै नमः
Om padmAkshyai namah
पद्मसुन्दर्यै नमः
Om padmasundaryai namah 
पद्मोद्भवायै नमः
Om padmod-bhavAyai namah
पद्म्ममुख्यै नमः
Om padma-mukhyai namah 
पद्मनाभप्रियायै नमह
Om padmanAbha-priyAyai namah
रमायै नमः
Om ramAyai namah
पद्ममालाधरायै नमः
Om padma-mAlAdharAyai namah
देव्यै नमः
Om devyai namah 
पद्मिन्यै नमः
Om padminyai namah

पद्मगन्धिन्यै नमः
Om padma-gandhinyai namah
पुण्यगन्धायै नमः
Om puNyagandhAyai namah
सुप्रसन्नायै नमः
Om suprasannAyai namah
प्रसादाभिमुख्यै नमः
Om prasAdAbhimukhyai namah 
प्रभायै नमः
Om prabhAyai namah 
चन्द्रवदनायै नमः
Om chandra-vadanAyai namah 
चन्द्रायै नमः
Om chandrAyai namah 
चन्द्रसहोदर्यै नमः
Om chandra-sahodaryai namah 
चतुर्भुजायै नमः
Om chaturbhujAyai namah
चन्द्ररूपायै नमः
Om chandra-roopAyai namah
इन्दिरायै नमः
Om indirAyai namah 
इन्दुशीतलायै नमः
Om indu-sheetalAyai namah
आह्लादजनन्यै नमः
Om AhlAdajananyai namah

पुष्टयै नमः
Om pushtyai namah
शिवायै नमः
Om shivAyai namah
शिवकर्यै नमः
Om shivakaryai namah
सत्यै नमः
Om satyai namah
विमलायै नमः
Om vimalAyai namah
विश्र्वजनन्यै नमः
Om vishwa-jananyai namah
तुष्टयै नमः
Om tushtyai namah 
दारिद्र्य नाशिन्यै  नमः
Om dAridrya nAshinyai namah
प्रीतिपुष्करिण्यै नमः
Om preetipushkariNyai namah 
शान्तायै नमः
Om shAntAyai namah
शुक्लमाल्याम्बरायै नमः
Om shuklamAlyAmbarAyai namah
श्रियै नमः
Om shriyai namah
भास्कर्यै नमः
Om bhAskaryai namah

बिल्वनिलयायै नमः
Om bilvanilayAyai namah
वरारोहायै नमः
Om varArohAyai namah 
यशस्विन्यै नमः
Om yashasvinyai namah
वसुन्धरायै नमः
Om vasundharAyai namah
उदारांगायै नमः
Om udArAngAyai namah 
हरिण्यै नमः
Om hariNyai namah
हेममालिन्यै नमः
Om hemamAlinyai namah
धनाधान्यकर्यै नमः
Om dhana-dhAnyakaryai namah 
सिद्धये नमः
Om siddhaye namah
स्त्रैणसौम्यायै मः
Om straiNa-sowmyAyai namah
शुभ प्रदायै नमः
Om shubha-pradAyai namah 
नृपवेश्मगतानन्दायै नमः
Om nrupaveshma-gatAnandAyai namah
वरलक्ष्म्यै नमः
Om varalakshmyai namah

वसुप्रदायै नमः
Om vasupradAyai namah 
शुभायै नमः
Om shubhAyai namah
हिरण्यप्राकारायै नमः
Om hiraNyaprAkArAyai namah
समुद्रतनयायै नमः
Om samudratanayAyai namah
जयायै नमः
Om jayAyai namah
मंगलादेव्यै नमः
Om mangalA-devyai namah 
विष्णुवक्षस्थलस्थितायै नमः
Om vishNu-vaksha-sthala-sthitAyai namah
विष्णुपत्न्यै नमः
Om vishNupatnyai namah
प्रसन्नाक्ष्यै नमः
Om prasannAkshyai namah

नारायणसमाश्रितायै नमः
Om nArAyaNa-samAshritAyai namah
दारिद्र्य ध्वम्सिन्यै नमः
Om dAridrya dhwamsinyai namah 
देव्यै नमः
Om devyai namah
सर्वोपद्रव वारिण्यै नमः
Om sarvopadrava vAriNyai namah
नवदुर्गायै नमः
Om navadurgAyai namah
महाकाल्यै नमः
Om mahAkAlyai namah
ब्रह्मविष्णुशिवात्मिकायै नमः
Om brahma-vishNu-shivAtmikAyai namah
त्रिकालज्ञानसम्पन्नायै नमः
Om trikAla-jnAna-sampannAyai namah 
भुवनेश्र्वर्यै नमः
Om bhuvaneshwaryai namah 


इति श्री महालक्ष्मी अष्टोत्तरशतनामावलि संपूर्णम्

iti shrI mahalakshmi ashtottarashata nAmAvali sampoorNam 

2 comments:

  1. sai ram nandini
    have you come across Thirumagal Varugai Padhigam. It is in beautiful Tamil. If you have it, please share it with me
    sai ram
    renu

    ReplyDelete
    Replies
    1. I have not heard of it, Renu ji. Is it on Lakshmi Devi? I shall surely share with you if I come across that :)

      Sairam
      Nandini

      Delete

Hari Aum! Thank you so much for taking your time to leave a message.You can also email me at JOYFULSLOKAS at GMAIL dot COM.

Bhagavad Gita

Bhagavad Gita
If you don't find the sloka PDF attached and would like to have one, kindly email me (joyfulslokas at gmail dot com) your request.